Life .........that runs in each second and each minute... struggle through all the thick and thins... and yet always dear to everything....You can enjoy it or you can regret it but you can stop living and loving it....every moment turns out to be story in itself... every thing becomes a memory to cherish and a history to memorize.It may be in the darkest of the day but cant leave the hope, it may be fragile in the relations but cant leave the faith, it may be in the worst of condition but can never give up..... it is life that has never learnt the language... Impossible.... it is life that runs like the blood in our veins..... it is life that negates all the myths and goes on... like a river ......its your life its mine life......................
कल से आज तक
और आज से कल तक
हर पल नयी है जिन्दगी
फिर भी क्यो वही
है जिन्दगी….
पर्वत के बिछौने पे
बादलों की चादर सी फैली है
और उसपे हर रोज नए ख्वाब
सजाती है ये जिन्दगी…
वक़्त एक झरने सा बहता
चला जता है..
और उसके साथ आगे
बढती जाती है ये जिन्दगी…
उंचे नीचे रास्तों से गुजरती
चट्टानों से टकराती
अपने राहें बनाती
आगे बढती जाती है ये जिन्दगी….
कभी खामोश से पानी सी ठहरी हुई
कभी तेज नदी सी किनारों
को तोड़ती ये जिन्दगी…
हर लम्हे मे एक
कहानी समेटे हुयेहर कहानी में ज़िन्दगानी समेटे हुए
अनगिनत पन्नो की
किताब है ये जिन्दगी ........
सूरज कि सुरमई
किरणों के साथ
हर लम्हे मे ख्वाब सजाती है
ये जिन्दगी
और कभी उन्ही ख्वाबों
के टूटने का बोझ उठाती
ये जिन्दगी….
अनगिनत निराशाओं में
पलती बढती ये जिन्दगी…
कभी पीछे मुड़ना नही जानती
कभी हार मनाना नही जानती
हर हार मे जीत ढूंढ़ लाती
है ये जिन्दगी.......
हर आंसू में खुशी ढूंढ़
लाती है ये जिन्दगी…॥
कल से आज तक
और आज से कल तक
हर पल नयी है जिन्दगी
फिर भी क्यो वही
है जिन्दगी….
पर्वत के बिछौने पे
बादलों की चादर सी फैली है
और उसपे हर रोज नए ख्वाब
सजाती है ये जिन्दगी…
वक़्त एक झरने सा बहता
चला जता है..
और उसके साथ आगे
बढती जाती है ये जिन्दगी…
उंचे नीचे रास्तों से गुजरती
चट्टानों से टकराती
अपने राहें बनाती
आगे बढती जाती है ये जिन्दगी….
कभी खामोश से पानी सी ठहरी हुई
कभी तेज नदी सी किनारों
को तोड़ती ये जिन्दगी…
हर लम्हे मे एक
कहानी समेटे हुयेहर कहानी में ज़िन्दगानी समेटे हुए
अनगिनत पन्नो की
किताब है ये जिन्दगी ........
सूरज कि सुरमई
किरणों के साथ
हर लम्हे मे ख्वाब सजाती है
ये जिन्दगी
और कभी उन्ही ख्वाबों
के टूटने का बोझ उठाती
ये जिन्दगी….
अनगिनत निराशाओं में
पलती बढती ये जिन्दगी…
कभी पीछे मुड़ना नही जानती
कभी हार मनाना नही जानती
हर हार मे जीत ढूंढ़ लाती
है ये जिन्दगी.......
हर आंसू में खुशी ढूंढ़
लाती है ये जिन्दगी…॥
1 comment:
ऐसा लगता है की आपने जिंदगी को बहुत करीबी से जाना है, समझा है, देखा है..
हर इक लाइन जो आपने लिखी है, ये आपकी कहानी बताती है.
Thanks 4 it.....
Regards,
Arun Sharma
Email:revert2arun@gmail.com
Website:www.shayari4all.com
जो लुटना शुरू हुआ तो लुटता चला गया
बोली हुई शुरू तो मै बिकता चला गया
पहले दिल हुआ नीलम मेरा दिल बिक गया
मेरे प्यार की दास्ताँ कोई और लिख गया
मेरी जिंदगी की वो कीमत लगा गयी
मेरी रूह में उतर के जो मुझमे रह गयी
पल-2 दर्द की कहानी मै लिखता चला गया
जो लुटना शुरू हुआ तो लुटता चला गया
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